शुल्क मुक्ति प्रार्थना पत्र | shulk mukti application in hindi

शुल्क मुक्ति प्रार्थना पत्र | shulk mukti application in hindi
शुल्क मुक्ति प्रार्थना पत्र | shulk mukti application in hindi

shulk mukti application in hindi – दोस्तों आज के इस आर्टिकल में हम आपको एप्लीकेशन लिखने के सही तरीक़े के बारे में बताएंगे। और यह भी की आप अपनी शुल्क मुक्ति प्रार्थना पत्र/ shulk mukti application को सरल और आकर्षक शब्दों में कैसे लिखे। एप्लीकेशन लिखना बड़ी बात नहीं है लेकिन उसे परीक्षा में उत्तर पुस्तिका में किस प्रकार से किस फॉर्मेट में जमा कर लिखा जाए जिससे कि आपको परीक्षक पूरे-पूरे अंक देने के लिए मजबूर हो जाए यह जानना आवश्यक है। कई बार जांचकर्ता छोटी-छोटी गलतियों के कारण अंक काट लेता है और आपके नंबर कम आते हैं। हम आपको बताएंगे की shulk mukti application लिखते समय आपको कौन-कौन सी गलतियां नहीं करनी है। साथ ही हम आपको सही फॉर्मेट में लगभग लगभग उन सभी टॉपिक्स पर जो परीक्षा में पूछे जाते हैं शुल्क मुक्ति प्रार्थना पत्र/ shulk mukti application लिखना बताएंगे।परीक्षा में किस प्रकार से एक ही प्रश्न को अलग-अलग तरीके से पूछा जा सकता है यह भी हम आपको बताएंगे।

आज हम इस लेख में आपको शुल्क मुक्ति के लिए आवेदन पत्र लिखना बतायेगें। इससे पहले जान लेते हैं कि आवेदन पत्र किस प्रकार लिखा जाता है।

शुल्क मुक्ति प्रार्थना पत्र लिखने का सही तरीका

इसके लिए आपको परीक्षा में पूछे गए विषय पर आवेदन लिखना होता है। आवेदन 3 पैराग्राफ में लिखा जाता है।

पहले पैराग्राफ में आपको निम्न बिंदु लिखने होते हैं-

 

  • संबोधन  ‘ सेवा मे,’ लिखे।
  • इसके बाद जिसके लिए आप पत्र लिख रहे हैं उसका पद बताना होता है। जैसे प्राचार्य महोदय, जिला शिक्षा अधिकारी महोदय, या कलेक्टर महोदय आदि जिस भी अधिकारी को आप पत्र लिख रहे है। उसे उसके पद से सम्बोधित करेंगे।
  • उसके बाद जिस संस्था के लिए यह पत्र लिखा जाता है आपको उसका नाम लिखना होता है।
  •  इसके बाद आपको उस शहर का नाम लिखना होता है जहां संस्था है।
  • अब आपको आवेदन का विषय लिखना होता है।अर्थात आप जिस विषय पर आवेदन करना चाहते हैं उसे लिखना होता है जैसे शुल्क मुक्ति, अवकाश, त्याग प्रमाण पत्र हेतु आदि। और यदि शिकायत पत्र हो तो जो शिकायत हो वो लिखते हैं।

दूसरे पैराग्राफ में आपको सम्बंधित विषय पर 8-10 लाइन लिखना होता है। इसमें आपको यह बताना होता है कि आपका विषय कितना सही और विचारणीय है। यह पैराग्राफ बहुत ज्यादा बड़ा नहीं होना चाहये।

अंतिम तीसरे पैराग्राफ में आपको सबसे पहले धन्यवाद लिखना चाहिए।
इसके बाद आपको आपकी आज्ञाकारी शिष्या/ शिष्य लिखना होता है।
इसके नीचे आपको अपना नाम अथवा क ख ग या फिर  अ ब स डाल सकते हैं।यदि आप बोर्ड परीक्षा में आवेदन लिख रहे हैं तो आपको गलती से भी अपना नाम नही लिखना चाहिए।
अंत मे आपको रॉल नम्बर लिखना चाहिए। दिनांक भी अवश्य डाले।

शुल्क मुक्ति प्रार्थना पत्र | shulk mukti application in hindi

चलिए अब आपको shulk mukti ki application लिखकर बताते हैं कि किस प्रकार से आपको यह लिखना चाहिए।यदि आप अपने पेपर में इसी तरीके से application लिखेंगे तो पूरे नम्बर पाएंगे।
सेवा में,
प्राचार्य महिदय,
शा. उ.मा. विद्यालय ,
गुना।
विषय- शुल्क मुक्ति हेतु।
महोदय,
विनम्र निवेदन है कि मैंने इसी वर्ष आपके विद्यालय में प्रवेश लिया है। मैं बहुत निर्धन छात्र हूं। मेरे पिताजी की मासिक आय केवल ₹3000 मात्र है और वह मेरी शुल्क भरने में असमर्थ हैं ।मैं अभी तक सभी कक्षाओं में अच्छे अंको से उत्तीर्ण होता रहा हूं और प्रतिवर्ष मेरी फीस माफ़ रही है। यदि इस वर्ष मुझे शुल्क मुक्त नहीं किया गया, तो हो सकता है मैं आगे नहीं पढ़ सकूं और मेरा भविष्य अंधकारमय हो जाए। 
अतः आपसे निवेदन है कि मेरी शुल्क मुक्ति कर दें मैं सदैव आपका आभारी रहूंगा। 
धन्यवाद
आपका आज्ञाकारी शिष्य
नाम – अ ब स
कक्षा- X
अब आपको बताते हैं कि परीक्षा में कैसे एक ही प्रश्न को कितने अलग अलग  प्रकार से पूछा जा सकता है।
प्रश्न अपने प्राचार्य को शुल्क मुक्ति हेतु आवेदन पत्र लिखिए।
अथवा
प्रश्न अपने विद्यालय के प्राचार्य महोदय को एक आवेदन पत्र लिखिए जिसमें अपनी निर्धनता का उल्लेख करते हुए शुल्क मुक्ति का आग्रह कीजिए।
 अथवा
प्रश्न आपका नाम अंश चतुर्वेदी है आप कक्षा 10 के छात्र हैं आप रानी दुर्गावती विद्यालय सागर में पढ़ते हैं अपने प्राचार्य को शुल्क मुक्ति हेतू आवेदन पत्र लिखिए।

शुल्क मुक्ति हेतु आवेदन पत्र लिखने में कभी न करे यह गलतियां

  • सम्बोधन के बाद कोमा लगाना न भूलें।
  • पद तथा संस्था के नाम के बाद भी कोमा अवश्य लगाए।
  • स्थान का नाम लिखने के बाद पूर्ण विराम लगाए।
  • विषय एक लाइन से अधिक का नही होना चाहिए।
  • लाइन या बात पूरी होने पर पूर्ण विराम अवश्य लगाए।
  • आप आवेदन पत्र लिखते समय हिंदी के सरल शब्दों का प्रयोग करें। आवेदन में भाषा को बहुत ज्यादा कठिन न बनाए।
  • अपने विषय को सही बताने का प्रयास करें।
  • बोर्ड परीक्षा में application में अपना नाम कभी न लिखे। अ ब स ही लिखें।
  • धन्यवाद जरूर लिखें।
  • दिनांक अवश्य डाले।
  • यदि प्रश्न में नाम पता दिया गया है तो उसी नाम पते का प्रयोग करें। अन्यथा आपको नम्बर नहीं दिए जायंगे।

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